Tuesday, 14 June 2011

जिगर का दर्द मा क्वी मरहम लगोंण वालू नी...

जिगर का दर्द मा क्वी मरहम लगोंण वालू नी...
दिल मा लगी आग ते क्वी बुझोण वालू नी...!!
के के सी उम्मीद रोखण ये दुनिया मा.....
सबु न रुलाई च क्वी हसोण वालू नी....!!!!    By - शिव सिंह भण्डारी !

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